Home / Latest Alerts / देश तो जीत लिया लेकिन 68 दिनों में ही भाजपा ने गंवा दी 25 साल की पर्रिकर की प्रतिष्ठा

देश तो जीत लिया लेकिन 68 दिनों में ही भाजपा ने गंवा दी 25 साल की पर्रिकर की प्रतिष्ठा

Last Updated On : 23 May 2019

नई दिल्ली। लोकसभा चुनाव 2019 के परिणाम के रुझानों के आने के बाद देश में भगवा परचम लहरा रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी और अमित शाह का जादू पूरे देश में चला है। लेकिन भाजपा के इन दो महारथियों को एक विधानसभा सीट के उपचुनाव में जबरदस्त झटका लगा है। गोवा की पणजी विधानसभा सीट के उपचुनाव की हार ने मात्र 68 दिनों में भाजपा ने गोवा के पूर्व सीएम मनोहर पर्रिकर की प्रतिष्ठा को गंवा दी है। वास्तव में पिछले 25 सालों से इसी सीट से मनोहर पर्रिकर जीतते हुए आ रहे थे। पीएम नरेंद्र मोदी ने खुद इस सीट को सहेजकर रखने की बात कही थी। लेकिन इस हार के बाद ऐसा नहीं हो सका।

कुछ ऐसा रहा पणजी उपचुनाव का रिजल्ट
मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर की मौत के बाद हुए उपचुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी अतनासिओ मोनसेरात को जीत मिली है। मोनसेरात को 8,748 मत मिले हैं। वहीं भाजपा के सिद्धार्थ श्रीपाद कुंकलियंकर को 6,990 वोट मिले हैं। यानी भाजपा का प्रत्याशी यहां से 1758 मतों से हार गया है। वहीं इस सीट से तीसरे नंबर पर गोवा सुरक्षा मंच के प्रत्याशी सुभाष भास्कर वेलिंगकर रहे, जिन्हें 560 मत मिले हैं। वहीं चौथे नंबर पर 436 वोटों के साथ वाल्मीकि नाईक हैं। ताज्जुब की बात तो ये है कि 2017 के विधानसभा चुनाव में कुंकलियंकर ने मोनसेरात को करीब 1,600 वोटों से हराया था।

25 सालों से थे मनोहर पर्रिकर विधायक
मनोहर पर्रिकर का निधन कैंसर की वजह से 17 मार्च 2019 को हो गया था। जिसके बाद पणजी विधानसभा सीट खाली हो गई थी। आपको बता दें कि वर्ष 1994 से 2014 तक पणजी विधानसभा सीट पर गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व केंद्रीय रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर प्रतिनिधित्व कर रहे थे। साल 2014 में मोदी सरकार बनने के बाद वह उनकी कैबिनेट में शामिल हो गए थे। उनकी गैर मौजूदगी में दो बार उनके सहयोगी कुंकलियंकर ने इस सीट का प्रतिनिधित्व किया था। 2018 में गोवा राज्य की राजनीति में दोबारा लौटने के बाद वो दोबारा विधायक बने थे।

Published From : Patrika.com RSS Feed

comments powered by Disqus

Search Latest News

Top News